नई दिल्ली। ईरान और अमेरिका-इजरायल के बीच चल रहा संघर्ष अब एक बेहद खतरनाक चरण में प्रवेश कर गया है। दुनिया के सबसे बड़े गैस प्लांट्स में से एक, कतर के 'रास लफान' पर ईरान के भीषण हमले ने वैश्विक ऊर्जा बाजार में हाहाकार मचा दिया है। कतर एनर्जी द्वारा इस हमले के बाद उत्पादन रोके जाने से, भारत जैसे देशों में रसोई गैस (LPG) और प्राकृतिक गैस (LNG) के गहरे संकट की आशंका पैदा हो गई है। यह मिसाइल हमला हाल ही में इजरायल द्वारा ईरान के 'पार्स गैस फील्ड' पर किए गए हमले की जवाबी कार्रवाई माना जा रहा है। इजरायली हमले के तुरंत बाद, ईरान ने सऊदी अरब, संयुक्त अरब अमीरात (UAE) और कतर को खुली चेतावनी दी थी कि आने वाले कुछ ही घंटों में उनके तेल और गैस संयंत्रों को निशाना बनाया जा सकता है।
ईरान ने जिन संभावित लक्ष्यों के नाम लिए थे, उनमें शामिल हैं:
कतर का मेसाइद पेट्रोकेमिकल कॉम्प्लेक्स और रास लफान रिफाइनरी
सऊदी अरब का जुबैल पेट्रोकेमिकल कॉम्प्लेक्स
यूएई का अल होस्न गैस फील्ड
कतर में नुकसान और मौजूदा स्थिति
कतर ने पुष्टि की है कि ईरानी मिसाइल हमले के कारण रास लफान इंडस्ट्रियल सिटी के कुछ हिस्सों में भीषण आग लग गई और संरचनात्मक नुकसान हुआ है। हालांकि, कतर की रक्षा प्रणालियों ने कुछ मिसाइलों को इंटरसेप्ट किया और आपातकालीन सुरक्षा प्रणालियों के कारण एक बहुत बड़े और विनाशकारी विस्फोट को टाल दिया गया।
कतर एनर्जी कंपनी ने बुधवार को इस बात की पुष्टि की कि दुनिया के सबसे अहम LNG हब में भारी नुकसान हुआ है। हालांकि, राहत की बात यह है कि सभी कर्मचारी सुरक्षित हैं और किसी के हताहत होने की कोई खबर नहीं है। सिविल डिफेंस की टीमें आग पर प्रारंभिक नियंत्रण पाने में सफल रही हैं।
कतर के विदेश मंत्रालय ने इस हमले की कड़ी निंदा करते हुए इसे एक क्रूर कृत्य और देश की संप्रभुता व राष्ट्रीय सुरक्षा का खुला उल्लंघन करार दिया है। मंत्रालय ने कहा कि कतर हमेशा संयम बरतने और नागरिक व ऊर्जा बुनियादी ढांचे की रक्षा करने की अपील करता रहा है, लेकिन ईरान का यह गैर-जिम्मेदाराना रवैया पूरे क्षेत्र को एक गहरे संकट की ओर धकेल रहा है और इससे अंतरराष्ट्रीय शांति को सीधा खतरा है।
साभार लाइव हिन्दुस्तान,
देश / विदेश
ईरान का भीषण पलटवार: कतर के गैस प्लांट पर मिसाइल हमला, दुनिया में हाहाकार
- 19 Mar 2026



