नई दिल्ली। देश की पहली बुलेट ट्रेन परियोजना- अहमदाबाद-मुंबई हाई स्पीड रेल कॉरिडोर में चार साल से अधिक की देरी के कारण लागत में भारी इजाफा हुआ है। अब इस परियोजना की अनुमानित लागत करीब 1.98 लाख करोड़ रुपये तक पहुंच गई है, जो शुरुआती स्वीकृत लागत की तुलना में लगभग 83 प्रतिशत अधिक है। पहले इस परियोजना को करीब 1.1 लाख करोड़ रुपये की लागत पर मंजूरी दी गई थी।
यह जानकारी नेशनल हाई स्पीड रेल कॉर्पोरेशन लिमिटेड (NHRSCL) द्वारा लागू की जा रही इस महत्वाकांक्षी परियोजना को लेकर सरकार की ‘प्रगति’ पहल के तहत आयोजित एक ब्रीफिंग में दी गई। इस दौरान रेलवे बोर्ड के चेयरमैन एवं सीईओ सतीश कुमार ने कहा कि संशोधित लागत को लेकर अंतिम स्वीकृति अभी बाकी है, लेकिन यह आंकड़ा करीब 1.98 लाख करोड़ रुपये के आसपास है। उन्होंने बताया कि लागत का पुनरीक्षण जारी है और इसे एक-दो महीनों में अंतिम रूप दे दिया जाएगा।
टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के मुताबिक, परियोजना में देरी और लागत बढ़ने के पीछे कई कारण रहे हैं। इनमें भूमि अधिग्रहण में देरी, कानूनी/वैधानिक मंजूरियों में समय लगना और रोलिंग स्टॉक (ट्रेनों) के अंतिम चयन में हुई देर प्रमुख हैं। रेलवे के अनुसार, 30 नवंबर तक परियोजना की भौतिक प्रगति 55.6% और वित्तीय प्रगति 69.6% थी। इस अवधि तक 85,801 करोड़ रुपये खर्च किए जा चुके थे। सूत्रों के मुताबिक, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पिछले महीने रेलवे मंत्रालय के कामकाज की समीक्षा के दौरान इस परियोजना को तेजी से पूरा करने के निर्देश दिए थे।
इस बीच, शुक्रवार को रेलवे मंत्री अश्विनी वैष्णव ने रेल भवन से वर्चुअल माध्यम से महाराष्ट्र के पालघर जिले में परियोजना से जुड़े 1.5 किलोमीटर लंबे पर्वतीय सुरंग के अंतिम ब्रेकथ्रू का साक्षी बने। उन्होंने इसे एक बड़ा मील का पत्थर बताते हुए कहा कि यह उपलब्धि माउंटेन टनल-5 के ब्रेकथ्रू के रूप में दर्ज हुई है।
रेल मंत्रालय के अनुसार, यह सुरंग पालघर जिले की सबसे लंबी सुरंगों में से एक है और विरार तथा बोईसर बुलेट ट्रेन स्टेशनों के बीच स्थित है। मंत्रालय ने यह भी बताया कि यह महाराष्ट्र में दूसरी सुरंग का ब्रेकथ्रू है। इससे पहले ठाणे और बीकेसी (बांद्रा-कुर्ला कॉम्प्लेक्स) के बीच 5 किलोमीटर लंबी भूमिगत सुरंग सितंबर 2025 में पूरी हो चुकी है।
साभार लाइव हिन्दुस्तान
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बुलेट ट्रेन प्रोजेक्ट पर महंगाई की मार: ₹1.1 लाख करोड़ से ₹1.98 लाख करोड़ पहुंची लागत, 83% का भारी इजाफा
- 03 Jan 2026



